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Tuesday, March 2, 2021 Search Search YouTube Menu

क्या है भारतीयों की फेवरेट सेक्स पोजिशन?..

भारत में 62% पुरुष और 58% महिलाएं अपनी सेक्स लाइफ से पूरी तरह संतुष्ट हैं। लोगों ने सेक्सुअल च्वॉइस में अपनी फेवरेट पोजिशन का भी खुलासा किया है। आइए जानते हैं बिस्तर पर पार्टनर के साथ रोमांस के वक्त भारतीय किस पोजिशन में ज्यादा कम्फर्टेबल महसूस करते हैं। इंडिया टुडे सेक्स सर्वे 2019 में जुटाए आंकड़ों से पता चलता है कि यहां भारतीयों की सबसे फेवरेट पोजिशन ‘मिशनरी’ यानी ‘ऑन द टॉप’ है। सर्वे में अकेले 40 फीसदी भारतीयों ने कहा कि रोमांस के वक्त पुरुष टॉप पर रहने से वे इस पल का ज्यादा आनंद उठाते हैं।

जबकि 22.6% भारतीयों ने फीमेल ऑन द टॉप पसंद किया। एक रिपोर्ट की मानें तो मिशनरी पोजिशन (मेन ऑन द टॉप) में महिला पुरुष को ज्यादा अच्छे से कंट्रोल में कर पाती हैं। इस पोजिशन में महिला और पुरुष ठीक आमने-सामने होते हैं। ब्रिटेन और अमेरिका में हुए एक रिसर्च में भी यह बात साबित हो चुकी है कि मिशनरी पूरी दुनिया में दूसरी सबसे पॉपुलर पोजिशन है। हालांकि, पिछले डेढ़ दशक के भीतर सेक्स पोजिशन को लेकर लोगों की सोच में एक बड़ा अंतर भी देखने को मिला है। जहां 2003 से 2012 तक वुमेन ऑन द टॉप को पसंद करने वालों का प्रतिशत 10-15 फीसदी के बीच रहा, वहीं 2019 में 22 फीसदी लोग इसे पसंद करने लगे हैं।

जबकि मेन ऑन द टॉप को पसंद करने वालों का प्रतिशत 2012 के 59 फीसदी के मुकाबले गिरकर 40 फीसदी हो गया है। साल 2003 में इंडिया टुडे के इसी सर्वे में 53 फीसदी पुरुषों द्वारा मिशनरी पोजिशन को पसंद किया गया था। जबकि सिर्फ 10 फीसदी लोगों ने इसकी अपॉजिट पोजिशन (पुरुष नीचे-महिला ऊपर) में दिलचस्पी दिखाई थी। जैसे-जैसे महिलाएं आत्मनिर्भर हो रही हैं, बेडरूम में भी वे अपनी पसंद जाहिर करने में संकोच नहीं कर रही हैं। इसके बाद 2005 में 38% लोगों ने मिशनरी को अपनी फेवरेट सेक्स पोजिशन बताया था।

जबकि अपॉजिट पोजिशन के साथ 15% लोग खड़े नजर आए। साल 2007 में 60% लोगों ने एक बार फिर ऑन द टॉप पोजिशन में अपनी दिलचस्पी दिखाई। इस बार सिर्फ 12% लोगों मिशनरी की अपॉजिट पोजिशन को पसंद किया। 5 साल बाद यानी साल 2012 में भी परिणाम कुछ ऐसे ही रहे। यहां भी 59% लोगों ने मिशनरी और 12% लोगों को अपॉजिट पोजिशन ही सबसे ज्यादा पसंद आई। साल 2019 के सेक्स सर्वे में मिशनरी को लेकर बड़ा बदलाव देखने को मिला है. इस वर्ष सिर्फ 40% लोगों ने ही मिशनरी को अपनी फेवरेट पोजिशन बताया। वहीं मिशनरी की अपॉजिट पोजिशन में पिछले 5 वर्ष की तुलना में 10% का इजाफा हुआ. यानी कुल 22% को अपॉजिट पोजिशन ही पसंद आई।